रेलवे सुरक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव की तैयारी: RPF की जगह CISF संभाल सकती है कमान, रेलवे बोर्ड ने मांगी रिपोर्ट
नई दिल्ली। देश के रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों की सुरक्षा व्यवस्था में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। रेलवे परिसरों की सुरक्षा की जिम्मेदारी वर्तमान में रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के पास है, लेकिन अब इसे केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) को सौंपने की संभावनाओं पर विचार किया जा रहा है। इसी कड़ी में रेलवे बोर्ड ने देशभर के सभी जोनल रेलवे और आरपीएफ के मुख्य सुरक्षा आयुक्तों से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
रेलवे बोर्ड द्वारा जारी पत्र के अनुसार यह जानकारी राज्यसभा में पूछे जाने वाले संभावित प्रश्नों के उत्तर की तैयारी के लिए जुटाई जा रही है। जम्मू रेल मंडल सहित सभी रेलवे जोनों को निर्धारित प्रारूप में तथ्यात्मक आंकड़े उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
सुरक्षा व्यवस्था पर मांगी गई विस्तृत जानकारी
रेलवे बोर्ड ने सभी जोनों से पिछले तीन वर्षों का सुरक्षा संबंधी विस्तृत ब्यौरा मांगा है। इसमें मुख्य रूप से निम्नलिखित जानकारी शामिल है—
- आरपीएफ के स्वीकृत और कार्यरत जवानों की संख्या।
- रेलवे संपत्ति के खिलाफ दर्ज अपराधों का विवरण।
- यात्रियों की सुरक्षा से जुड़े मामलों में की गई कार्रवाई।
- लंबित मामलों की स्थिति।
- वर्तमान सुरक्षा व्यवस्था और उपलब्ध संसाधनों की जानकारी।
इन आंकड़ों के आधार पर संसद में सरकार की ओर से तथ्यात्मक और व्यापक जवाब तैयार किया जाएगा।
अभी नहीं हुआ कोई अंतिम फैसला
सूत्रों के अनुसार रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों की सुरक्षा CISF को सौंपने को लेकर अभी कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। फिलहाल रेलवे बोर्ड केवल विभिन्न जोनों से तथ्य जुटा रहा है ताकि संसद में पूछे जाने वाले प्रश्नों का सटीक उत्तर दिया जा सके।
बताया जा रहा है कि संसद में चर्चा और केंद्र सरकार के स्तर पर विचार-विमर्श के बाद ही इस विषय पर कोई अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
अभी नहीं हुआ कोई अंतिम फैसला
सूत्रों के अनुसार रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों की सुरक्षा CISF को सौंपने को लेकर अभी कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। फिलहाल रेलवे बोर्ड केवल विभिन्न जोनों से तथ्य जुटा रहा है ताकि संसद में पूछे जाने वाले प्रश्नों का सटीक उत्तर दिया जा सके।
बताया जा रहा है कि संसद में चर्चा और केंद्र सरकार के स्तर पर विचार-विमर्श के बाद ही इस विषय पर कोई अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
फिलहाल RPF के पास है सुरक्षा की जिम्मेदारी
वर्तमान व्यवस्था के अनुसार रेलवे सुरक्षा बल (RPF) रेलवे परिसरों और रेलवे संपत्ति की सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाता है। इसके अलावा आरपीएफ यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने, चोरी और अपराधों पर नियंत्रण, मानव तस्करी रोकने, नशा तस्करी के मामलों में कार्रवाई करने तथा रेलवे परिसरों में कानून-व्यवस्था बनाए रखने का कार्य भी करता है।
क्यों महत्वपूर्ण माना जा रहा है यह प्रस्ताव?
रेलवे सुरक्षा व्यवस्था में संभावित बदलाव को इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि देशभर में रेलवे नेटवर्क का तेजी से विस्तार हो रहा है। नए रेलवे स्टेशन, हाई-स्पीड कॉरिडोर और आधुनिक टर्मिनलों के निर्माण के साथ सुरक्षा चुनौतियां भी बढ़ी हैं।
सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि संवेदनशील प्रतिष्ठानों की सुरक्षा का व्यापक अनुभव रखने वाली CISF महत्वपूर्ण रेलवे परिसरों की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बना सकती है। उल्लेखनीय है कि जम्मू-कश्मीर की कई अति संवेदनशील जेलों की सुरक्षा की जिम्मेदारी पहले से ही CISF के पास है।
हालांकि, रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों की सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार के बदलाव पर अंतिम फैसला केंद्र सरकार द्वारा सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद ही लिया जाएगा। फिलहाल रेलवे बोर्ड विभिन्न जोनों से रिपोर्ट जुटाने की प्रक्रिया में है और उसी के आधार पर आगे की रणनीति तय की जाएगी.

