CAPF जवानों और उनके परिवारों के लिए सरकार की कई वेलफेयर स्कीमें, राज्यसभा में दी गई जानकारी
नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPFs) के जवानों और उनके परिवारों के कल्याण के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं और सुविधाओं की जानकारी राज्यसभा में साझा की है। गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने एक लिखित उत्तर में बताया कि सरकार ने स्वास्थ्य सेवाओं, आर्थिक सहायता, शिक्षा, आवास, पुनर्वास, पेंशन और अन्य कल्याणकारी उपायों के माध्यम से CAPF जवानों और उनके आश्रितों को सहायता प्रदान करने के लिए कई व्यवस्थाएं लागू की हैं।
केंद्र सरकार के अनुसार, इन योजनाओं का उद्देश्य ड्यूटी के दौरान चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में कार्य करने वाले CAPF कर्मियों और उनके परिवारों को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराना है। इन पहलों में वर्तमान कर्मियों के साथ-साथ सेवानिवृत्त कर्मचारियों और शहीद अथवा दिवंगत कर्मियों के आश्रितों के लिए भी कई प्रावधान शामिल हैं।
आयुष्मान CAPF के तहत कैशलेस इलाज की सुविधा
सरकार ने बताया कि आयुष्मान CAPF योजना, आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (AB PM-JAY) के अंतर्गत संचालित एक विशेष पहल है। इसके तहत CAPF कर्मियों और उनके परिवारों को देशभर के सूचीबद्ध सरकारी और निजी अस्पतालों में कैशलेस एवं पेपरलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। इस योजना का उद्देश्य स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों के समय कर्मियों और उनके परिवारों को बेहतर चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराना है।
ड्यूटी के दौरान मृत्यु पर आर्थिक सहायता
लिखित उत्तर के अनुसार, यदि किसी CAPF कर्मी की ड्यूटी के दौरान दुर्घटना में मृत्यु होती है तो उसके निकटतम आश्रित (Next of Kin) को 25 लाख रुपये की अनुग्रह राशि प्रदान की जाती है। वहीं, आतंकवादी हिंसा या दुश्मन की कार्रवाई के दौरान मृत्यु होने की स्थिति में यह राशि 35 लाख रुपये निर्धारित है। इसके अलावा CAPF Salary Package Scheme के तहत आकस्मिक मृत्यु बीमा का भी प्रावधान किया गया है, जिससे प्रभावित परिवारों को अतिरिक्त वित्तीय सहायता मिल सके।
बच्चों की शिक्षा के लिए छात्रवृत्ति और आरक्षित सीटें
सरकार ने बताया कि प्रधानमंत्री छात्रवृत्ति योजना (PMSS) के माध्यम से CAPF एवं असम राइफल्स के कर्मियों के बच्चों और विधवाओं को तकनीकी एवं व्यावसायिक शिक्षा के लिए वित्तीय सहायता दी जाती है। योजना के तहत हर वर्ष 2,000 छात्रवृत्तियां प्रदान की जाती हैं, जिनमें 1,000 छात्रवृत्तियां लड़कों और 1,000 लड़कियों के लिए निर्धारित हैं। छात्राओं को 3,000 रुपये प्रतिमाह तथा छात्रों को 2,500 रुपये प्रतिमाह की दर से छात्रवृत्ति प्रदान की जाती है। इसके अतिरिक्त, CAPF एवं असम राइफल्स के कर्मियों के बच्चों के लिए 26 MBBS और 3 BDS सीटें भी आरक्षित हैं।
आवास आवंटन के लिए ऑनलाइन व्यवस्था
सरकार ने CAPF कर्मियों के लिए CAPF e-Awas Portal विकसित किया है। इस पोर्टल के माध्यम से सरकारी आवासों के लिए ऑनलाइन पंजीकरण और आवंटन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। इसके साथ ही विभिन्न CAPF बलों के बीच इंटर-फोर्स आवास आवंटन की सुविधा भी इस पोर्टल के जरिए दी जाती है।
सेवानिवृत्त कर्मियों के पुनर्वास पर भी जोर
राज्यसभा में दी गई जानकारी के अनुसार, सेवानिवृत्त CAPF कर्मियों और उनके परिवारों के पुनर्वास के लिए Welfare and Rehabilitation Board (WARB) का गठन किया गया है। यह बोर्ड देशभर में राज्य और जिला स्तर के कल्याण अधिकारियों के माध्यम से कार्य करता है।
इसके अलावा CAPF Punarvaas योजना के तहत WARB की वेबसाइट को Private Security Agencies (Regulation) Act (PSARA) पोर्टल से जोड़ा गया है। इससे इच्छुक सेवानिवृत्त CAPF एवं असम राइफल्स कर्मियों का विवरण निजी सुरक्षा एजेंसियों को उपलब्ध कराया जाता है, ताकि उन्हें पुनः रोजगार के अवसर मिल सकें।
चिकित्सा सुविधा और विशेष भत्ते
सरकार ने बताया कि सेवानिवृत्त कर्मियों और उनके जीवनसाथी को CGHS अथवा CPMF अस्पतालों के माध्यम से चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। जहां यह सुविधा उपलब्ध नहीं होती, वहां प्रति माह 1,000 रुपये चिकित्सा भत्ता देने का प्रावधान है।
इसके अतिरिक्त जम्मू-कश्मीर, वामपंथी उग्रवाद प्रभावित जिलों और पूर्वोत्तर राज्यों में तैनात CAPF कर्मियों को Risk and Hardship Allowance भी प्रदान किया जाता है।
KPKB और भारत के वीर जैसी पहल
सरकार के अनुसार, केंद्रीय पुलिस कल्याण भंडार (KPKB) के माध्यम से CAPF कर्मियों को रियायती दरों पर गुणवत्तापूर्ण सामान उपलब्ध कराया जाता है। 1 अप्रैल 2024 से KPKB के माध्यम से खरीदारी पर पात्र लाभार्थियों को 50 प्रतिशत GST रियायत का प्रावधान किया गया है।
इसी प्रकार भारत के वीर पहल के माध्यम से आम नागरिक शहीद CAPF कर्मियों के परिवारों को आर्थिक सहयोग प्रदान कर सकते हैं। यह पहल गृह मंत्रालय द्वारा संचालित की जा रही है।
शहीद और दिवंगत कर्मियों के आश्रितों के लिए अन्य प्रावधान
लिखित उत्तर में बताया गया कि ड्यूटी के दौरान शहीद होने वाले CAPF कर्मियों को Operational Casualty Certificate प्रदान किया जाता है, जो सशस्त्र बलों में दिए जाने वाले Battle Casualty Certificate के अनुरूप है। इसके आधार पर आश्रितों को हवाई और रेल यात्रा में रियायत तथा तेल उत्पाद एजेंसियों के आवंटन जैसे लाभ मिल सकते हैं।
इसके अलावा पात्र आश्रितों को सरकारी नियमों के अनुसार अनुकंपा नियुक्ति भी दी जाती है। वहीं, 23 मई 2025 से कांस्टेबल से लेकर सब-इंस्पेक्टर तक के कर्मियों को Honorary Rank प्रदान करने की व्यवस्था भी लागू की गई है।
कश्मीर में तैनात कर्मियों के लिए अतिरिक्त सुविधाएं
सरकार ने यह भी बताया कि कश्मीर घाटी में तैनात पात्र CAPF एवं असम राइफल्स कर्मियों को Air Courier Service की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। यदि कर्मी अपने परिवार को पूर्व तैनाती स्थल पर रखते हैं और सरकारी आवास का लाभ नहीं लेते हैं, तो उन्हें अतिरिक्त HRA भी दिया जाता है। इसके अलावा जम्मू-कश्मीर, वामपंथी उग्रवाद प्रभावित क्षेत्रों और पूर्वोत्तर राज्यों में तैनात कर्मियों के बच्चों के लिए स्कूल बस सेवा भी उपलब्ध कराई गई है।
राज्यसभा में दी गई जानकारी
इन सभी योजनाओं और सुविधाओं की जानकारी गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने राज्यसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में दी। सरकार के अनुसार, इन पहलों का उद्देश्य CAPF कर्मियों, सेवानिवृत्त कर्मचारियों तथा उनके परिवारों के लिए विभिन्न स्तरों पर कल्याणकारी सहायता उपलब्ध कराना है।

