CISF का मेगा कोस्टल मिशन: 25 दिन, 11 राज्य और 6,553 KM की साइकिल रैली ,मजबूत होगी तटीय सुरक्षा
देश के समुद्री तटीय इलाकों की सुरक्षा को और अधिक मजबूत करने के उद्देश्य से केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) 28 जनवरी से दूसरी ‘वंदे मातरम कोस्टल साइक्लोथॉन-2026’ का आयोजन कर रहा है। यह साइक्लोथॉन 25 दिनों तक चलेगी, जिसमें 195 CISF जवान, जिनमें 65 महिला जवान शामिल हैं, देश के 6,553 किलोमीटर लंबे कोस्टल एरिया को साइकिल के माध्यम से कवर करेंगे।
11 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से गुजरेगी CISF साइक्लोथॉन
सीआईएसएफ के महानिदेशक प्रवीण रंजन ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि वर्ष 2025 में पहले कोस्टल साइक्लोथॉन के सफल आयोजन के बाद यह इसका दूसरा संस्करण है। इस दौरान CISF के जवान भारत के पूर्वी और पश्चिमी तटों पर स्थित 11 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में साइकिल यात्रा करेंगे।
सुरक्षित तट, समृद्ध भारत’ है साइक्लोथॉन की थीम
डीजी प्रवीण रंजन ने बताया कि वंदे मातरम के 150 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में 28 जनवरी से 22 फरवरी 2026 तक ‘सीआईएसएफ वंदे मातरम तटीय साइकिल रैली 2026’ आयोजित की जा रही है। इस अभियान की थीम ‘सुरक्षित तट, समृद्ध भारत’ रखी गई है।

तटीय आबादी को राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़ने की पहल
उन्होंने कहा कि भारत की लगभग 18 प्रतिशत आबादी तटीय जिलों में निवास करती है, जबकि मात्रा के हिसाब से करीब 95 प्रतिशत और मूल्य के हिसाब से लगभग 70 प्रतिशत व्यापार समुद्री मार्गों के माध्यम से होता है। ऐसे में तटीय सुरक्षा भारत की आर्थिक, सामरिक और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
स्थानीय लोगों को किया जाएगा जागरूक
CISF जवान साइक्लोथॉन के दौरान तटीय इलाकों में रहने वाले स्थानीय नागरिकों से संवाद करेंगे और उन्हें कोस्टल सिक्योरिटी, सतर्कता और सहयोग के महत्व के बारे में जागरूक करेंगे। इस पहल का उद्देश्य तटीय क्षेत्रों में सुरक्षा के प्रति जनभागीदारी को बढ़ाना है।

