बड़ा अपडेट: क्या वापस आएगी OPS? केंद्र सरकार ने लोकसभा में पुरानी पेंशन (OPS) बहाली पर स्थिति स्पष्ट की
नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने पुरानी पेंशन योजना (OPS) की बहाली को लेकर चल रही अटकलों पर विराम लगाते हुए सोमवार को लोकसभा में स्थिति साफ कर दी है। वित्त मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए OPS को बहाल करने का कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।
यह जानकारी अतारांकित प्रश्न संख्या 2308 के जवाब में राज्य वित्त मंत्री, श्री पंकज चौधरी द्वारा दी गई। सरकार ने स्पष्ट किया कि केंद्रीय कर्मचारी नेशनल पेंशन सिस्टम (NPS) या यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) के दायरे में ही रहेंगे।
🛑 OPS बहाली पर केंद्र का रुख स्पष्ट
कर्मचारी संगठनों की लगातार मांग के बावजूद, केंद्र सरकार अपने रुख पर अडिग है। श्री चौधरी ने सदन को सूचित किया:
“केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना (OPS) की बहाली पर कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।”
यह घोषणा उन लाखों केंद्रीय कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण है जो OPS की वापसी की उम्मीद कर रहे थे।
🗺️ OPS लागू करने वाले राज्यों का मामला
जवाब में, सरकार ने उन राज्यों की स्थिति भी सामने रखी जिन्होंने OPS को बहाल करने का निर्णय लिया है। ये राज्य हैं:
- राजस्थान
- छत्तीसगढ़
- झारखंड
- पंजाब
- हिमाचल प्रदेश
इन राज्य सरकारों ने अपने कर्मचारियों के लिए OPS को फिर से शुरू किया है और उन्होंने पेंशन निधि विनियामक और विकास प्राधिकरण (PFRDA) से अनुरोध किया है कि कर्मचारियों का NPS में जमा अंशदान उन्हें वापस कर दिया जाए।
💰 कर्मचारियों के अंशदान की वापसी का नियम
सरकार ने बताया कि PFRDA (निकास और निकासी) विनियम, 2015 के तहत, अभिदाताओं (Subscribers) का संचित अंशदान वापस करने और इसे राज्य सरकार को जमा करने का प्रावधान है। इससे स्पष्ट होता है कि OPS लागू करने वाले राज्यों के कर्मचारियों का फंड वापस किया जा सकता है, लेकिन केंद्र सरकार इस नीति को अपनाने के पक्ष में नहीं है।
सरकार ने यह भी रेखांकित किया कि कर्मचारियों को यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) के तहत आकर्षक लाभ मिल रहे हैं। यह एक फंड-आधारित प्रणाली है जो सेवानिवृत्ति पर कई सुनिश्चित भुगतान प्रदान करती है, जैसे:
- औसत वेतन का 50% सुनिश्चित पेंशन।
- ₹10,000 प्रति माह की न्यूनतम सुनिश्चित पेंशन।
- महंगाई अनुक्रमण (Inflation Indexation) के साथ महंगाई राहत।
- उपदान (Gratuity) के अतिरिक्त एकमुश्त भुगतान।
कुल मिलाकर, लोकसभा में दिए गए इस जवाब से स्पष्ट है कि केंद्रीय कर्मचारियों को OPS के लिए अभी लंबा इंतजार करना पड़ सकता है।



