उत्तराखंड सरकार की बड़ी पहल: अर्धसैनिक बलों के कल्याण के लिए तीन अहम घोषणाएं
देहरादून। उत्तराखंड सरकार ने अर्धसैनिक बलों (CAPF) से जुड़े जवानों और उनके परिवारों के कल्याण को लेकर महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। मुख्यमंत्री द्वारा 3 दिसंबर 2025 को जनपद नैनीताल के हल्द्वानी में राज्य स्तरीय कार्यक्रम के दौरान की गई घोषणाओं को अब औपचारिक शासनादेश के रूप में जारी कर दिया गया है। ये घोषणाएं गृह/सैनिक कल्याण विभाग से संबंधित हैं।
अर्धसैनिक बल कल्याण परिषद होगी सक्रिय
सरकार ने “उत्तराखंड राज्य अर्धसैनिक बल कल्याण परिषद” को क्रियाशील करने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही परिषद के संचालन के लिए पुलिस मुख्यालय में एक कार्यालय कक्ष आवंटित किया जाएगा। इससे राज्य के अर्धसैनिक बलों के जवानों की समस्याओं और कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आने की उम्मीद है।
कल्याण निदेशालय और जिलों में नए पद सृजित
सैनिक कल्याण निदेशालय में उपनिदेशक (अर्धसैनिक) तथा बड़े जिलों के जिला सैनिक कल्याण कार्यालयों में सहायक जिला सैनिक कल्याण अधिकारी (अर्धसैनिक) के एक-एक पद सृजित किए जाएंगे। इन पदों पर पूर्व अर्धसैनिक अधिकारियों की नियुक्ति की जाएगी, जिससे अनुभव का लाभ सीधे जवानों और उनके परिजनों को मिल सकेगा।
वीरता पदक विजेताओं को 5 लाख रुपये की सहायता
सरकार ने भविष्य में राष्ट्रपति पुलिस मेडल (गैलेंट्री) या वीरता पदक से सम्मानित होने वाले अर्धसैनिक बलों के जवानों को एकमुश्त 5 लाख रुपये की अनुदान राशि देने की घोषणा की है। यह कदम जवानों के साहस और बलिदान को सम्मान देने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
शासन ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि इन घोषणाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए शीघ्र वित्तीय एवं प्रशासनिक स्वीकृति की कार्रवाई पूरी की जाए और मुख्यमंत्री कार्यालय को अवगत कराया जाए।
राज्य सरकार के इन फैसलों से उत्तराखंड के अर्धसैनिक बलों में कार्यरत जवानों और उनके परिवारों में संतोष और विश्वास बढ़ने की उम्मीद है।




